Baba Ka Sandeshप्रेम · सेवा · स्मरण

BABA KA SANDESH · READ & REMEMBER

पितृ पक्ष

भाद्रपद पूर्णिमा से आश्विन अमावस्या तक

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परिचय

पूर्वजों के स्मरण, श्राद्ध और तर्पण का पक्ष है। परिवार अपने पितरों की तिथि और परंपरा के अनुसार विधि चुनते हैं।

परंपरा और आपका दिन

यह वार्षिक पर्व का परिचय है। अमांत-पूर्णिमांत मास-नाम, संप्रदाय और स्थानीय सूर्योदय के अनुसार तिथि-निर्णय में अंतर हो सकता है। अपने शहर के पंचांग में वर्तमान वर्ष की तिथि और पूजा-समय देखें।

परिवार की परंपरा के अनुसार कथा या स्तुति पढ़ें। बच्चों से पर्व का नाम, ऋतु और उसका भाव चर्चा में समझें। आज एक छोटा सेवा-संकल्प भी चुन सकते हैं।

अध्ययन / स्थान-संदर्भ ↗

New Delhi का वर्तमान पंचांग ↗

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