Baba Ka Sandeshप्रेम · सेवा · स्मरण

BABA KA SANDESH · READ & REMEMBER

होलिका दहन

फाल्गुन पूर्णिमा

← Vrat & Tyohar Sangrah

परिचय

होलिका और प्रह्लाद की कथा का स्मरण करते हुए अनेक स्थानों पर सामुदायिक अग्नि-परंपरा निभाई जाती है। यह होली से पहले की संध्या से जुड़ा है।

परंपरा और आपका दिन

यह वार्षिक पर्व का परिचय है। अमांत-पूर्णिमांत मास-नाम, संप्रदाय और स्थानीय सूर्योदय के अनुसार तिथि-निर्णय में अंतर हो सकता है। अपने शहर के पंचांग में वर्तमान वर्ष की तिथि और पूजा-समय देखें।

परिवार की परंपरा के अनुसार कथा या स्तुति पढ़ें। बच्चों से पर्व का नाम, ऋतु और उसका भाव चर्चा में समझें। आज एक छोटा सेवा-संकल्प भी चुन सकते हैं।

अध्ययन / स्थान-संदर्भ ↗

New Delhi का वर्तमान पंचांग ↗

संबंधित पाठ

सनातन ज्ञानकोश → · बाल ज्ञानदीप →