
Shailputri · नवदुर्गा · प्रथम स्वरूप
प्रतीकात्मक चित्र
परिचय
नवदुर्गा के क्रम में शैलपुत्री प्रथम स्वरूप हैं। नाम में पर्वतराज की पुत्री का भाव है।
आज का मौलिक मनन
इस परिचय को पढ़कर उसका एक उपयोगी भाव आज के आचरण में उतारें।
छोटा अभ्यास
आज अपने व्यवहार में एक ऐसा काम चुनें जिसमें करुणा, संयम या जिम्मेदारी बढ़े।
ये मौलिक devotional reflections हैं; भविष्यवाणी या किसी देवता का उद्धरण नहीं।